किन्तु ऐसे सभी संत महापुरुषों के जीवन वृत्तांत उपलब्ध नहीं होने एवं उक्त महापुरुषों के वंशजों से निरन्तर सम्पर्क करने के बावजूद भी हमें वांछित जानकारी नहीं मिल सकी है। इस सम्बन्ध में स्व. गोकुल नारायण जी व्यास एवं स्व. पुरोहित गोपाललाल जी, प्रिसिपल पारीक कॉलेज, जयपुर से वार्तालाप होने पर उन्होंने अपनी स्मृति के आधार पर हमारे पूर्व महापुरुष हुये हैं, उनकी जो जानकारी कराई तथा 'पारीक'(1925), 'पारीक प्रकाश' |